दो बार फेल, तीसरी बार में नंबर वन

कहते हैं असफलता हमेशा सफलता का नया रास्ता खोलती है। असफल होने के बाद जो सफलता की सीढ़ियां चढ़ता है उसकी बात ही निराली होती है। चंडीगढ़ के एेसे ही उद्योगपति हैं केएस भाटिया। जिनके दो स्टार्टअप फेल हो गए। वह निराश हो चुके थे लेकिन जिंदगी ने एेसी करवट ली कि वह अब सिर्फ चंडीगढ़ ही नहीं, दुनिया के टॉप आईटी सपोर्टिव इंडस्ट्रियलिस्ट बन चुके हैं। केएस भाटिया पंपकार्ट के मालिक हैं और उनका यह स्टार्टअप अब दुनियाभर में प्रसिद्ध है।
केएस भाटिया ने बताया कि पंप के बिजनेस में तो वह पिछले १८ वर्ष से हैं। पंपकार्ट.काम से पहले उन्होंने दो स्टार्टअप प्रोजेक्ट किए और दोनों ही बुरी तरह फेल हो गए। वर्ष २०१४ में उनके जन्मदिन पर उनके बेटे ने उनको पंपकार्ट का गिफ्ट दिया। बेटे ने कहा कि डैडी हारना नहीं है, आप जिस बिजनेस में हैं उसी को अब आनलाइन शुरू कर दो यानी पंप सेल करो वह भी आनलाइन। केएस भाटिया के लिए बेटे का यह वाक्य एकदम रामबाण साबित हुआ। उन्होंने पंपकार्ट को लाइव किया और इसकी प्रसिद्धि एेसी फैली कि दूर दूर तक पहुंच गई।
केएस भाटिया ने कहा कि उनके टर्निंग प्वाइंट उनके जन्मदिन से जुड़े हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष २०१५ में उनका मन पंपकार्ट.काम से भी उकता गया। एकबार फिर से वह पंपकार्ट.काम को बंद करने की योजना तैयार कर चुके थे। उनको लगा कि अपने कर्मचारियों को वह पैसे नहीं दे सकते हैं। मन भी बना लिया था कि अब यह कंपनी बंद कर देंगे। वक्त को कुछ और मंजूर था। केएस भाटिया ने बताया कि  २६सितंबर वर्ष २०१५ को यूएस सिलिकन वैली में गूगल के सीईओ सुंदर परचई ने अपनी स्पीच में पंपकार्ट का नाम लिया और जब वह अपने आफिस पहुंचे तो उनको मिलने के लिए करीब ढाई हजार स्टूडेंट्स आए थे। उनकी उम्मीदों को एकबार फिर से सहारा मिला और उन्होंने अबकी बार बिजनेस नहीं बंद किया बल्कि उसके माडल को चेंज कर दिया। पहले वह बी टू सी माडल में काम करते थे और उसके बाद उन्होंने माडल को चेंज करके उसे बी टू बी कर दिया।
कार न लेकर गोद ले लिया बच्चे
केएस भाटिया ने बताया कि जन्मदिन के दिन वह कार खरीदते थे। लेकिन वर्ष २०१५ में उन्होंने एसओएस राजपुरा से कुछ बच्चे गोद लिए। यह बच्चे उनकी ताकत बन गए। उन्हें लगा कि एेसे बच्चों की मदद करके वह समाज को नई दिशा देंगे।
कपिल देव को बना डाला ब्रांड
केएस भाटिया ने बताया कि पंपकार्ट को बड़ा बनाने के लिए उन्होंने कपिल देव को अपना ब्रांड एंबेसडर बनाया। इससे उनको काफी लाभ हुआ। उन्होंने कहा कि जरूरी यह है कि विजन क्या है। विजन बेहतर है तो धंधा हमेशा बेहतर होगा।
अब कई इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रानिक्स
केएस भाटिया ने बताया कि अब वह अपनी कंपनी में इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रानिक्स को ला रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह पंपकार्ट को अलीबाबा की तरह मशहूर कंपनी बनाने की चाहत रखते हैं।
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